

जालंधर : कल हुई मात्र आधे घंटे की बारिश ने जालंधर शहर में सीवरेज और सफाई व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी। शहर की मुख्य सड़कों, बाजारों और रिहायशी इलाकों में जलभराव होने के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा, जबकि कई स्थानों पर सीवरेज का गंदा पानी घरों और दुकानों तक पहुंच गया, जिससे लोगों को आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ा।
इस मामले को लेकर नगर निगम कमिश्नर संदीप ऋषि को घेरते हुए पार्षद एवं विपक्ष के नेता मनजीत सिंह टीटू ने नगर निगम के प्रबंधों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि निगम हर वर्ष सीवरेज की सफाई, अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती तथा करोड़ों रुपये की लागत से आधुनिक मशीनें खरीदने के बड़े-बड़े दावे करता है, लेकिन एक मामूली बारिश ने इन सभी दावों की वास्तविकता जनता के सामने ला दी है।
एडवोकेट अमित सिंह संधा ने कमिश्नर से मांग की कि वेस्ट विधानसभा क्षेत्र को 3-4 छोटी नावें उपलब्ध करवाई जाएं, ताकि इस मानसून के दौरान लोगों का जीवन आसान हो सके और आवागमन में सुविधा रहे।
मनजीत सिंह टीटू ने कहा कि जब अभी मानसून की शुरुआत भी नहीं हुई है और शहर की यह स्थिति है, तो आने वाले दिनों में लगातार बारिश के दौरान हालात और भी भयावह हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि आम आदमी पार्टी के चुनाव हार चुके कई उम्मीदवारों को 3-3 सीवरमैन तैनात किए गए हैं। यदि यह सच है तो यह गंभीर जांच का विषय है कि जब शहर पानी और सीवरेज की समस्या से जूझ रहा था, तब ये कर्मचारी कहां थे।
उन्होंने मांग की कि शहर के सीवरेज सिस्टम की तुरंत युद्धस्तर पर सफाई करवाई जाए, सीवरेज सफाई के लिए खरीदी गई मशीनों की वर्तमान स्थिति और उन पर हुए खर्च का पूरा विवरण सार्वजनिक किया जाए तथा जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों की जवाबदेही तय कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए।
मनजीत सिंह टीटू ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए तो मानसून के दौरान जालंधर के हालात और भी बदतर हो सकते हैं तथा लोगों को सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।इस अवसर पर एडवोकेट अमित सिंह संधा, कृष्ण मीनिया, सरताज सिंह, प्रभाकर, सुरिंदर शर्मा और पंकज बाबा भी उपस्थित थे।