

जालंधर : लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) में छात्रा से दुष्कर्म के आरोपों को लेकर स्टूडेंट के प्रदर्शन को लेकर मामला गरमाया हुआ है। वहीं आज डीजीपी गौरव यादव खुद एलपीयूू में जायजा लेने के पहुंचे। इस घटना के बाद एलपीयू में 10 दिनों की छुट्टी कर दी गई है और इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई है। वहीं कांग्रेस विधायक जूनियर अवतार हैनरी बावा ने घटना की निंदा की है। मामले की जानकारी देते हुए पत्रकारों को बावा हैनरी ने कहाकि पहले चितकारा यूनिवर्सिटी में घटना हुई और उसके बाद लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (एलपीयू) में घटना हुई है।बावा हैनरी ने कहाकि घटना को लेकर गहराई से जांच करने की जरूरत है। हैनरी ने कहा हाल ही में सुप्रीम कोर्ट की यूनिवर्सिटी को लेकर जजमेंट आई है, जिसमें उन्होंने कहा कि प्राइवेट यूनिवर्सिटी प्रोफिट मेकिंग यूनिवर्सिटी नहीं हो सकती। ऐसे में बच्चों का शोषण हो रहा है। यूनिवर्सिटी के मॉल में मेहनतकश लोगों की पूंजी लगी हुई थी। ऐसे में किसी ने यह नहीं सोचा तो मॉल में दुकान में लूट की घटना होगी, पेट्रोल बम से अटैक होंगे।उन्होंने कहा कि शांतिमय ढंग से प्रदर्शन करना अधिकार है, लेकिन वहां पर किन शरारती अनंसरों द्वारा माहौल खराब करने की कोशिश की गई। ऐसे में यूनिवर्सिटी की ओर से क्या प्रबंध किए गए, ऐसे में यह काफी चीजों पर ध्यान देने की जरूरत है। ऐसे में एसआईटी गठित करके जांच की जानी चाहिए। यूनिवर्सिटी में दुकानों को लूटना, सरकारी गाड़ियों पर हमला करना, मीडिया पर हमला करना निंदनीय है। ऐसे में अगर बच्ची के साथ अप्रिय घटना हुई है तो उसकी जांच की जानी चाहिए और सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
ऐसे में अगर किसी ने गलत अफवाह फैलाई है तो उन पर कार्रवाई की जानी चाहिए। वहीं अगर एलपीयू प्रशासन की कोताही सामने आती है तो उन पर कार्रवाई की जानी चाहिए, लेकिन छात्रों में गुस्से फूटने की वजह जानना भी जरूरी है। वहीं हैनरी ने कहा कि ऐसे में जब-जब स्टूडेंट्स को इंसाफ नहीं मिलता तभी स्टूडेंट्स का गुस्सा फूटता है। उन्होंने कहा कि मैनेजमेंट को स्टूडेंट्स से बैठकर बातचीत की जानी चाहिए। वहीं पेट्रोल बम से हमला होना, सरकारी गाड़ियों पर हमला होना, मीडिया की गाड़ियों की तोड़फोड़ होना और उन पर हमला करना निंदनीय घटना है। ऐसे में उन्होंने कहा कि इस घटना में कैंपेस में आए बाहरी लोगों की भी जांच की जानी चाहिए।